नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने अपने नियमों में कुछ बदलाव किया है जिसके तहत अब टीवी अंपायर, स्टंपिंग की अपील पर कॉट बिहाइंड का रीव्यू नहीं करेंगे। नियमों के तहत अब विकेटकीपर के बेल्स गिराने के बाद अगर टीम कॉट बिहाइंड के लिए रीव्यू लेना चाहती है तब उसे अलग से डीआरएस की अपील करनी होगी।
वर्ष 2023 की शुरुआत में भारत के खिलाफ श्रृंखला में कई बार ऐसा हुआ था कि ऑस्ट्रेलियाई विकेटकीपर एलेक्स केरी स्टंप की अपील करते और टीवी अंपायर कॉट बिहाइंड का भी रीव्यू करते थे। इसके कारण गेंदबाजी कर रही टीम को रीव्यू लेने की जहमत नहीं उठानी पड़ती थी और अंपायर यह भी चेक करते थे कि गेंद बल्ले से लगकर गई है या नहीं। हालांकि अब स्टंप की अपील पर टीवी अंपायर केवल साइड ऑन कैमरा का उपयोग करते हुए यह जांचेंगे कि बल्लेबाज स्टंप आउट है या नहीं। आईसीसी ने कनकशन सब्स्टीट्यूशन के नियम के अनुसार अगर खिलाड़ी को गेंदबाजी से रोका गया हो तो उसके स्थानापन्न खिलाड़ी को भी गेंदबाजी करने की अनुमति नहीं मिलेगी। मैदान में घायल हुए खिलाड़ी के परीक्षण या उपचार की समयावधि को भी आईसीसी ने चार मिनट तक सीमित कर दिया है।



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अंपायर स्टंपिंग की अपील पर नहीं करेंगे कॉट बिहाइंड का रीव्यू – India Times
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