दिल्ली- दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने राजधानी में सक्रिय हेरोइन तस्करी के एक बड़े रैकेट का पर्दाफाश करते हुए दो महिलाओं को गिरफ्तार किया है। पकड़ी गई महिलाओं की पहचान सीमा (54) और समीता (43) के रूप में हुई है, जो आपस में जेठानी-देवरानी हैं और लंबे समय से नशे के अवैध कारोबार में लिप्त थीं।
पुलिस ने बताया कि दोनों को जीटीबी अस्पताल के पास से स्कूटी पर सवार होते समय दबोचा गया। उनके पास से एक किलो 49 ग्राम हेरोइन बरामद की गई है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 5 करोड़ रुपये आंकी गई है।
क्राइम ब्रांच के डीसीपी संजीव कुमार यादव ने बताया कि यह कार्रवाई एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स की उस सतत मुहिम का हिस्सा है जिसके तहत राजधानी के उन इलाकों की पहचान की जा रही है जहां नशे का कारोबार फल-फूल रहा है। पुलिस की नजर में नंद नगरी ऐसा ही एक संवेदनशील हॉटस्पॉट है, जहां सीमा नामक महिला लंबे समय से ड्रग्स की सप्लाई कर रही थी।
पुलिस की जांच में सामने आया कि सीमा के खिलाफ पहले से ही 40 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें अधिकतर ड्रग्स तस्करी से जुड़े हैं, जबकि समीता के खिलाफ भी 3 मामले लंबित हैं। सीमा नशे की खेप को बाहर से मंगवाने और बड़े स्तर पर सप्लायर्स को बेचने का काम करती थी, वहीं समीता उसका साथ देती थी।
गिरफ्तारी से पहले टेक्निकल सर्विलांस और खुफिया सूचनाओं के आधार पर पुलिस ने दोनों पर नजर रखी हुई थी। 22 अगस्त को ऑपरेशन को अंजाम देते हुए पुलिस टीम ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया।
जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि सीमा पिछले 25 सालों से पहले अवैध शराब और फिर हेरोइन के व्यापार में सक्रिय है। उसके परिवार के लगभग सभी सदस्य—including उसके दो बेटे—इस अवैध धंधे में संलिप्त हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सीमा के संपर्क कई बड़े ड्रग तस्करों से भी हैं, और उसके नेटवर्क की गहन जांच की जा रही है।


