गाजियाबाद: दिल्ली से सटे गाजियाबाद के मोदीनगर (पूठरी गांव) में मामूली विवाद में क्रूरता की सारी हदें पार करने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ सिर्फ ‘भंगजी बाबा’ कहकर मजाक उड़ाने से नाराज एक सनकी युवक ने 22 वर्षीय तरुण उर्फ नमित की दरांती से गोदकर निर्मम हत्या कर दी। आरोपी ने क्रूरता की सीमा लांघते हुए मृतक की आंखें तक फोड़ दीं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को आलाकत्ल (दरांती) और मृतक के मोबाइल के साथ गिरफ्तार कर लिया है।
डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्र नाथ तिवारी ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि मूल रूप से मुजफ्फरनगर के रहने वाले तरुण का शव सोमवार को गांव से 500 मीटर दूर एक गन्ने के खेत में वीभत्स हालत में मिला। तरुण रविवार शाम को टहलने निकला था और जब वापस नहीं लौटा, तो परिजनों ने रात में पुलिस को सूचना दी थी। सोमवार सुबह ग्रामीणों ने रामवीर नाम के किसान के खेत में खून से लथपथ शव देखा, जिसके बाद हड़कंप मच गया।
पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी निरांचल उर्फ मंत्री (33 वर्ष) ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। उसने बताया कि शुक्रवार को तरुण और उसके दोस्तों ने उसे ‘भंगजी बाबा’ कहकर चिढ़ाया था। रविवार को जब तरुण दोबारा मिला और उसने वही शब्द दोहराया, तो आरोपी ने दरांती से उसके चेहरे, पेट, गर्दन और अंगों पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। हत्या के बाद वह शव को बोरे में छिपाने की कोशिश कर रहा था, लेकिन नाकाम रहने पर भाग गया। जाने से पहले उसने शव के पास संस्कृत के श्लोक भी पढ़े। पुलिस के अनुसार, आरोपी सनकी और नशेड़ी प्रवृत्ति का है जो तांत्रिक क्रियाएं भी करता है। वह उन अन्य युवकों को भी मारने की फिराक में था जिन्होंने उसका मजाक उड़ाया था।
तरुण परतापुर की एक गद्दा फैक्ट्री में काम करता था और अपने परिवार में सबसे बड़ा था। उसके पिता निर्दोष सैन मजदूरी करके घर चलाते हैं। तरुण की मौत से मां मधुबाला, भाई और दो बहनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरे गांव में इस क्रूर हत्याकांड के बाद से दहशत और आक्रोश का माहौल है। परिवार ने हत्यारे को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है।

