प्रयागराज। प्रयागराज पुलिस को गुरुवार को एक बड़ी कामयाबी मिली जब चार लाख रुपये के इनामी और अंतरराज्यीय गैंग से जुड़े शातिर बदमाश आशीष रंजन उर्फ छोटू सिंह को मुठभेड़ में मार गिराया गया। झारखंड के धनबाद स्थित जे.सी. मल्लिक रोड का रहने वाला छोटू सिंह कइयों संगीन मामलों में वांछित था और उस पर उत्तर प्रदेश पुलिस ने चार लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।
मुठभेड़ की घटना प्रयागराज के शंकरगढ़ क्षेत्र में हुई, जहां एसटीएफ प्रयागराज यूनिट को सूचना मिली थी कि वांछित अपराधी क्षेत्र में छिपा है। जैसे ही एसटीएफ की टीम मौके पर पहुंची और उसे घेरने की कोशिश की, छोटू सिंह ने अचानक AK-47 राइफल से पुलिस पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी।
हालांकि, एसटीएफ टीम के सदस्य — जेपी राय, प्रभंजन और रोहित सिंह — बाल-बाल बच गए। आत्मरक्षा में एसटीएफ ने जवाबी कार्रवाई की और कुछ ही देर की मुठभेड़ में गोली लगने से छोटू सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया।
घायल हालत में उसे शंकरगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने घटनास्थल से एक AK-47 राइफल, एक 9 एमएम पिस्टल, भारी मात्रा में कारतूस और एक बाइक बरामद की है।
कई राज्यों में दर्ज थे गंभीर मामले
मृत अपराधी छोटू सिंह झारखंड और बिहार से जुड़े कई आपराधिक मामलों में वांछित था। उसके खिलाफ लूट, हत्या, रंगदारी और आर्म्स एक्ट जैसे गंभीर धाराओं में केस दर्ज थे। वह एक अंतरराज्यीय गैंग से जुड़ा हुआ था और काफी समय से पुलिस को चकमा दे रहा था।
एसटीएफ अधिकारियों के मुताबिक, छोटू सिंह के खिलाफ लंबे समय से अभियान चलाया जा रहा था। प्रयागराज में उसकी मौजूदगी की सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई करते हुए मुठभेड़ को अंजाम दिया गया।
इस ऑपरेशन को प्रयागराज पुलिस और एसटीएफ की बड़ी सफलता माना जा रहा है, क्योंकि इस अपराधी की गिरफ्तारी (या अब मुठभेड़ में मौत) से कई राज्यों की लंबित आपराधिक जांचों को राहत मिलेगी।

