Home » s » s

s

लोकसभा चुनाव में हार के बाद कांग्रेस प्रदेश संगठन में बदलाव की मांग तेज होने लगी थी, हालांकिकाबीना मंत्री यशपाल आर्य के कांगे्रस प्रदेश अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने के बाद ये पद खाली था। जिसको लेकर कई नाम सामने आ रहेथे, लेकिनकई नाम सामने आने के साथ ही कांग्रेस पार्टी के अंदर क्षेत्रवाद और जातिवाद के समीकरण हावी थे। उत्तरखंड के निमार्ण के बाद से ही प्रदेश का दुर्भाग्य रहा कि यहां देश की दोनों बड़ी राष्ट्रीय पार्टियां कांग्रेस और भाजपा जातिवाद और क्षेत्रवाद के समीकरण को देखते हुए सीएम और प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त करते है। अब तक तो यही देखा जाता रहा है कि अगर प्रदेश अध्यक्ष गढ़वाल से हंै तो, सीएमकुमाऊं के होते हैं वहीं अगर अध्यक्ष कुमाऊं से हैं तो सीएम गढ़वाल के ताल्लुक रखते हैं। सभी तरह के समीकरणों के बाद आखिरकार कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी किशोर उपाध्याय को सौंप दी गई है, जोकि टिहरी से पूर्व विधायक हैं और एनडी तिवारी सरकार में राज्य मंत्री भी रह चुके हैं। किन समीकरण को देखते हुए किशोर उपाध्याय को प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मदारी सौंपी गई है और क्या कुछ चुनौतियां नए प्रदेश अध्यक्ष के लिए कांग्रेस संगठन के अंदर हैं इन मुद्दों पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष से चर्चा की हमारे ब्यूरो चीफ वसी जैदी ने...

 

सवाल- वरियताके अधार पर बात करें तो आप से आगे तीन-चारनाम ऊपर चल रहे थे, हीरासिंह बिष्ट, सुबोधउनियाल भी दौड़ में शामिल थे, लेकिनआपको ये जिम्मेदारी सौंपी गई, क्यामाना जाए सोनिया गांधी जी के करीबी होने या हरीश रावत खेमे में होने का फायदा अपको मिला है ?

किशोर उपाध्याय- मैंकहीं भी अध्यक्ष पद का दावेदार नहीं था, मैंसन् 1977 सेकांग्रेस पार्टी की सेवा कर रहा हूं। मैंने 1977 - 80 के बीच का संकट देखा है, मैंराज्य आंदोलन का भी एक सिपाही रहा हूं। राज्य गठन के समय उत्तरखंड में पार्टी का एक भी विधायक नहीं था, लेकिनकांग्रेस संगठन ने मेहनत की और पहले ही निर्वाचित चुनाव में प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनाई। 2002 मेंजब प्रदेश में पहली बार विधान सभा चुनाव हो रहे थे तो उस समय प्रदेश अध्यक्ष हरीश रावत सब को साथ लेकर चले थे। मैंने उस समय भी विधायक के लिए टिकट नहीं मांगा था, लेकिनमैं आभारी हूं माननीय हरीश रावत, विजयबहुगुणा, श्रीमतीसोनिया गांधी जी का जिन्होने मुझे टिहरी विधानसभा सीट से टिकट दिया साथ ही टिहरी की जनता का भी अभारी हूं जिन्होने मुझे विधानसभा भेजा। 2007 मेंभी टिकट की मांग नहीं की थी और शीर्ष नेताओं से कहा था कि अगर कोई अच्छा चेहरा है तो उसे टिकट दीजिए। पर एक बार फिर पार्टी ने मुझ पर भरोसा किया। 2012 मेंमेरी पत्नी की तबीयत खराब होने के कारण मैंने चुनाव न लड़नेकी इच्छा जताई थी, परलेकिन पार्टी ने मुझ पर फिर भरोसा दिखाया। लेकिन मैं 377 वोटसे चुनाव हार गया। उसके बाद पार्टी ने मुझे कई जगह पर्यवेक्षक बनाकर भेजा, प्रदेशअध्यक्ष के दौड़ में तो मैं कभी भी शामिल नहीं था लेकिन फिर भी पार्टी ने मुझ पर विश्वास जताया है। लोग मेरा किसी न किसीगुट के साथ नाम जोड़ते रहे जबकि मैं किसी गुट का आदमी नहीं हूं, मैंतो कांग्रेस का आदमी हूं।

 

सवाल- आजकल आपका नाम किस गुट के साथ जोड़ा जा रहा है ?

किशोर उपाध्याय - आजकलतो हरीश भाई के साथ मेरा नाम जोड़ देते हैं। 2007 मेंजब हरक सिंह रावत नेता प्रतिपक्ष बने थे तब मेरा नाम हरक सिंह जी के साथ जोड़ दिया गया, औरकहा गया कि  किशोर उपाध्याय हरक सिंह का आदमी है। मेरा मानना ये है कि जो कांग्रेस में हैं, वोकांग्रेस का आदमी है।

 

सवाल- विजयबहुगुणा खेमे के साथ आपका नाम क्यों नहीं जोड़ा जाता ?

किशोर उपाध्याय- विजयबहुगुणा जी पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं मेरे बड़े भाई की तरह हैं, अध्यक्षबनने के बाद मैं उनसे आशिर्वाद लेने गया, साथही यशपाल आर्य, इंदिराहृदयेश जी से भी आशिर्वाद लेने गया। उन्होने मेरे सिर पर हाथ रखकर मुझे आशिर्वाद दिया।

 

सावल- विजयबहुगुणा तो आपको हटाकर सबोध उनियाल को प्रदेश अध्यक्ष बनाना चहते हैं, जिसकोलेकर वो सोनिया गांधी से भी मिले ?

किशोर उपाध्याय- सोनियागाँधी जी हमारी सर्वोच्च नेता हैं और सभी को अधिकार के सभी अपनी बात उनके सामने रखे। कांग्रेस ने मुझे प्रदेश में पार्टी का प्रमुखतम सेवक बनाया है, तोइसका मतलब ये नहीं है कि मैं किसी की बात न सुनू।जब कोई विधायक, मंत्रीया किसी संगठन का अध्यक्ष बन जाता है, तोउसका काम होता है सबकी भावनाओं का आदर करना, उनभावनाओं की रक्षा करने और उनके लिए काम करना। ऐसा नहीं है कि जो मेरे साथ रहे हैं मैं सिर्फ उन्ही के काम आऊं। हम सबका काम है कि हाईकमान जो जिम्मेदारी दे उसे पूरी ईमानदारी के साथ निभाएं।

 

सवाल- हाईकमानकी मेहरबानी सिर्फ एक ही खेमे पर क्यों ?

किशोर उपाध्याय - विजयबहुगुणा जी ने हाईकमान से क्या कहा उसके बारे में मैं क्या कह सकता हूं। उसके बारे में जो लोग सोनिया गांधी जी से मिले हैं वो लोग ज्यादा अच्छी तरह बता सकते हैं। लोकसभा चुनाव के दौरान मैंने साकेत बहुगुणा के लिए तन, मन, धन से काम किया। कल को कोई ये भी कह सकता है कि ये तो विजय बहुगुणा खेमे के हो गए। ये गुटबाजी कोई अच्छी बात नहीं है। मुझे ये लगता है कि इन सब चीजों से हटकर जब तक हम संगठन की सेवा नहीं करेंगे और ये नहीं सोचेंगे कि मुझे कांग्रेस पार्टी ने विधायक बनाया है, मंत्रीबनाया है स्टेज पर बैठने का सम्मान दिया है, तबतक हम संगठन का और जनता का भी नुकसान करते रहेंगे।

 

सवाल- कुछलोग कहते हैं किशोर उपाध्याय हारे हुए विधायक हैं, टिहरीतक की राजनीति में ही सीमित रहते हैं, उन्होनेसवा दो साल में संगठन के लिए क्या किया ?

किशोर उपाध्याय- मैंनेसवा दो साल में संगठन के लिए क्या किया ये तो अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी बताएगी। जब राज्य में कांग्रेस की सरकार बनी और मैं चुनाव हार गया। उसके बाद मैं मध्यप्रदेश, राजस्थान और दिल्ली में पर्यवेक्षक रहा और पार्टी के लिए काम करता रहा। हां ये बात अलग है मैं दुर्भाग्यवश चुनाव हार गया और वो भी किन परिस्थितियों में हार हुई इस बात की जानकारी भी सभी को है।

 

सवाल- एनडीतिवारी के समय से गुटबाजी चली आ रहीहै, तोआपकी भी मुशकिले कम नहीं है, उत्तराखंडके अंदर जो परिपाटी चली आ रहीइससे पार पाना कोई आसान काम नहीं है?

किशोर उपाध्याय - आपनेएक बात कही थी कि किशोर उपाध्याय टिहरी तक सीमित रहता है, तोआपको बता दूं कि मैं इस कोशिश में लगा हुआ था कि गंगा को बचाया जा सके हिमालय को बचाया जा सके, हिमालयकी नदियों को बचाया जा सके, औरमैं ये आज से नहीं बल्कि 2009 सेकर रहा हूं। मेरे जितने दोस्त उत्तराखंड में उससे ज्यादा यूपी, नेपाल, सिक्कम, अरुनालचप्रेदश में है, तोऐसा नहीं हैं किशोर उपाध्याय सिर्फ टिहरी तक ही सीमित है। जो जिम्मेदारी मुझे सोनिया, राहुलऔर हरिश रावत जी ने दी है उसे सही ढंग से निभाने की मैं पूरी कोशिश करूंगा।

 

सवाल- कभीआपको हरक सिंह रावत के खेमे का माना जाता था, औरवो ही सबसे पहले सुबोध उनियाल को आपके खिलाफ दिल्ली लेकर पहुंचे ?

किशोर उपाध्याय-  मैंने तो हरक सिंह रावत जी का कभी बुरा नहीं किया, उनकीअपनी राजनीतिक बाध्यताएं हैं, मैंउनसे रामबाड़ा में मिला तो उन्होंने मुझसे कहा कि उनका पूरा सहयोग मेरे साथ है। सोनिया जी हमारी नेता अगर कोई भी नेता उनसे मिलता हैं उसमें क्या बुराई है।

 

सवाल- क्याआपको नहीं लगता कि कहीं न कहींलॉबिंग हो रही है, क्याआप सिर्फ इसे एक मुलाकात तक सीमित रखना चाहते हैं ?

किशोर उपाध्याय-  मैं तो सिर्फ अपने बारे में कह सकता हूं, बाकितो जिन नेताओं की बातें है वो ही जानें। हर आदमी को अपने उच्चाधिकारी के सामने अपनी बात रखने का अधिकार है। अगर उन्होंने कांग्रेस हाईकमान के सामने अपनी बात रखी है तो ये अच्छी बात है, इसबात से तो मैं बुरा नहीं मानता। एक बात मुझे बुरी लगती है पार्टी के कुछ नेता मीडिया के माध्यम से एक दूसरे पर आरोप लगाते है। ये बिल्कुल अच्छा नहीं है। परिवार में दस तरह की बातें होती हैं, आपसमें मतभिन्नता हो सकती है पर मन भिन्नता नहीं होनी चाहिए।

 

सवाल- यशपालआर्य के करिबियों ने भी आना छोड़ दिया है, IT सेल भी बंद हो गया है, कांग्रेसभवन जिसे आपने राजीव भवन बनाया था वो भी सूना पड़ा रहता है, संगठनके नाम पर अब सिर्फ इक्का-दुक्कानेता ही नजर आते हैं, कोईसरकार के कार्यों को जनता के बीच ले जाने वाला नहीं है?

किशोर उपाध्याय- कांग्रेसप्रदेश कार्यलय सिर्फ प्रदेश कांग्रेस कमेटी का कार्यालय नहीं है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी में जब कोई नया अध्यक्ष बनता है तब ये माना जाता है कि कांग्रेस के जितने भी पदाधिकारी हैं उनकी नए अध्यक्ष की ठीक से नहीं बनेगी, मेरानाम रात को घोषित किया गया, औरदुर्भाग्यवष 12 तारीख को हरीश रावत जी को चोट लग गई। अब आगर मैं ये कह दूं कि मुझे तो अपने प्रदेश कार्यालय में बैठना है तो ये बात उचित नहीं है। मेरी विजय बहुगुणा जी से भी बात हुई उन्होने कहा मुझे कहा कि आप 20 तारीखसे पहले पदभार संभाल लीजिए। हमें भी ये उम्मीद थी कि रावत जी का स्वास्थ्य भी तब तक ठीक हो जाएगा फिर मैं 18-19 तारीखतक औपचारिक तौर से यहां प्रदेश अध्यक्ष का कार्यभार संभाल लूंगा। लेकिन परिस्थितियां बदलती गई और ऐसा नहीं हो पाया, क्योंकिहमारे तमाम साथी प्रदेश भर से देहरादून पहंुचने वाले थे इसलिए हम लोगों ने ये सोचा कि  22 तारीख को पदभार संभालने का कार्यक्रम रखा जाए।

 

सवाल- बातअगर प्रदेश कार्यकारिणी की करें तो अभी वो भी नहीं बनने वाली है ऐसा लग रहा है ?

किशोर उपाध्याय -  प्रदेश कांग्रेस की कार्यकारिणी बनने में समय लगता है, सबलोगों के विचार लिए जाते हैं ये देखा जाता है कि किसकी क्या प्रदर्शन रहा है। हमारी जिला कांग्रेस कमेटियां काम कर रही हैं, ब्लॉगकांग्रेस कमेटियां काम रही हैं। यूथ कांग्रेस, एनएसयूआई, महिला कांग्रेस सभी कमेटियां काम कर रही हैं।

 

सवाल- आप 11 तारीख से तैयारियों की बात कर रहे हैं, पिछलेढाई साल के अंदर वहां पर क्या व्यवस्थाएं रही हैं ?

किशोर उपाध्याय- इसीसंगठन ने 2002 काचुनाव हमें जिताया है, 2007 मेंहम थोड़ा सा पीछे रह गए, इसीसंगठन ने 2009 मेंपांचों लोकसभा की सीटें हमें जितवाई और इसी संगठन ने 2012 मेंभी हमें जितवाया।

 

सवाल - फिर 2012 के बाद क्या हुआ निकाय चुनाव में कांग्रेस तीसरे नंबर पर रहे, लोकसभाचुनाव हार गए, सिर्फसितारगंज का एक उपचुनाव जीते ?

किशोर उपाध्याय-  इसके कई कारण हैं, 2009 मेंबीजेपी पांचों सीटें हार गई थी, लेकिनइस बार जीत गई। भारतीय जनता पार्टी को 1984 मेंलोकसभा चुनाव में सिर्फ दो ही सीटें मिली थी आज वो ही पार्टी 285 सीटेंजीत कर बहुमत में आ गईहै। देखिए राजनीतिक परिस्थियां बदलती रहती हैं, जोपरिस्थितियां तब थी जब मोदी जी ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी वो ही आज 33 प्रतिशतबदल गई होंगी।

 

सवाल-2012 के बाद संगठन की कार्यप्रणाली इतनी सुस्त क्यों हो गई है?

किशोर उपाध्याय-2012 केबाद कई तरह की समस्याएं संगठन के सामने आई, हमबहुमत में नहीं थे मुख्यमंत्री जी को उपचुनाव लड़ना था, बाईइलेक्शन हुआ उसके बाद कोई न कोईचुनाव सामने रहा। अब नए मुख्यमंत्री आए हैं उनको मुश्किल से 15 दिनकाम करने के लिए मिले होंगे, बाकीसमय में कोई न कोईआचार संहिता लगी रही। तो ऐसी परिस्थितियां तो सामने आती रहती हैं। कोई भी व्यक्ति चमत्कार नहीं कर सकता,हमारीप्रथमिकता तीनों सीट पर उपचुनाव जीतने के साथ 2017 मेंहोने वाले विधानसभा चुनाव में जीत हासिल कर पूर्ण बहुमत से सरकार बनाने की है। किसी तरह से संगठन को मजबूत करें, संगठनजनता के साथ में संपर्क में रहे और उनकी सेवा करे इस पर विचार किया जा रहा है।

 

सवाल- सुबोधउनियाल जी से आपकी खास बातचीत हुई थी क्या निष्कर्ष निकला।

किशोर उपाध्याय- बाततो होती रहती है जब हम साथ साथ टिहरी गए तब भी बात हुई। जब वो उत्तराखंड निवास में रुके तब भी हम साथ में ही थे। हम एक साथ हैं हम कोई हिन्दुस्तान और पाकिस्तान नहीं हैं, येकोई इतना चुनौती भरा काम नहीं है।

 

सवाल- येभी सुनने में आ रहाहै कि आपसे कुछ कांग्रेसी विधायक भी नाराज हैं?

किशोर उपाध्याय- आपये बताइए कि वो लोग किशोर उपाध्याय से क्यों नाराज होंगे। नाराजगी का कोई कारण होना चाहिए, वोसभी मेरे पुराने दोस्त हैं। और मुझे कोई ऐसा मौका नहीं मिला जब मैंने कोई लाभ पहुंचाने की कोशिश की हो या कोई नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया हो।

 

सवाल- कईविधायकों की नाराजगी इस बात से हो सकती है कि उनके खेमे की अनदेखी हो रही है?

किशोर उपाध्याय- अगर इस बात से उन्हे नाराजगी हो रही है तो वो काम किशोर उपाध्याय का नहीं है, तो वो मुझसे क्यों नाराज होंगे। अगर उन्हे इस बात से आपत्ति है तो वो हाई कमान के सामने अपनी बात रखेंगे। इस समय परिस्थितियां अलग है, एक तरफ तो रावत जी बीमार हैं दूसरी तरफ उपचुनाव हैं।
where to buy abortion pill open where to buy abortion pills online
abortion pills click here buy the abortion pill online
abortion pills abortion pill buy the abortion pill online
online purchase abortion pill where to buy abortion pill abortion pill buy online
why people cheat in marriage click percentage of women who cheat
why do women cheat read click
why women cheat on men they love click here wifes who cheat
buy bradn viagra generic viagra in the us generic viagra is safe
married men who have affairs married cheaters I cheated on my girlfriend
marriage affairs beautiful women cheat women who want to cheat
go wifes who cheat how to cheat on my husband
go wifes who cheat how to cheat on my husband
go wifes who cheat how to cheat on my husband
why husband cheat on their wife women who want to cheat letter to husband who cheated
why women cheat on men cheater online
link why do husbands cheat reasons people cheat
my wife cheated on me now what why do women cheat dating a married man
my wife cheated on me now what woman affair dating a married man
my wife cheated on me now what why do women cheat dating a married man
catch a cheat dating a married woman website
catch a cheat open website
catch a cheat open website
women that cheat on their husbands wife cheat go
read here my girl friend cheated on me the unfaithful husband
read go my wife cheated on me now what
dating for married people women who like to cheat how many men have affairs
how to terminate a pregnancy naturally abortion at 15 weeks pregnant due
mobile phone spy adventureswithtravisandpresley.com cell spy app
spy app for android phone ohiovalleyrestoration.com free spy app
spyware app for android free randolphia.com free spyware for cell phone
spyware app for android free randolphia.com free spyware for cell phone
propranolol pill link fluconazole
saline abortion should abortion be illegal abortion clinic dallas tx
Scroll To Top